RELIGION WORLD — THE INDEPENDENT SCIENTIFIC & INTERFAITH JOURNAL
Navigation

© 2026 Religion World Foundation.

Global Faith • Scientific Heritage • Human Ethics

गणेशोत्सव : जानिए गणेश चतुर्थी के शुभ संयोग और स्थापना मुहूर्त

गणेशोत्सव : जानिए गणेश चतुर्थी के शुभ संयोग और स्थापना मुहूर्त

गणेशोत्सव : जानिए गणेश चतुर्थी के शुभ संयोग और स्थापना मुहूर्त
Visual Archive

गणेशोत्सव : जानिए गणेश चतुर्थी के शुभ संयोग और स्थापना मुहूर्त

गणेश चतुर्थी 22 अगस्त 2020 को मनाई जाएगी। इस दिन भगवान गणेश की स्थापना की जाती है और अनंत चतुर्दशी के दिन उनका विसर्जन कर देते हैं। लेकिन इस बार गणेश चतुर्थी पर एक नहीं बल्कि कई ऐसे शुभ संयोग बन रहे हैं। जिसमें आप यदि भगवान गणेश की स्थापना और पूजा करें तो आप अपनी पूजा का कई गुना लाभ प्राप्त कर सकते हैं तो चलिए जानते हैं गणेश चतुर्थी के शुभ संयोग।



गणेश चतु्र्थी के शुभ संयोग
गणेश चतुर्थी के दिन भगवान गणेश को बड़ी ही धूमधाम से अपने घर लाकर उनकी स्थापना की जाती है और उनकी पूजा – अर्चना की जाती है। लेकिन इस बार कई ऐसे शुभ संयोग बन रहे हैं। जिनमें आप गणेश जी की पूजा करके अपने जीवन की सभी परेशानियों और कष्टों से मुक्ति पा सकते हैं। इस बार पंचांग के अनुसार गणेश जी की स्थापना और पूजा का शुभ मुहूर्त सुबह 11 बजकर 6 मिनट से दोपहर 1 बजकर 42 मिनट तक रहेगा।वहीं इस दिन सुबह 10 बजकर 22 मिनट के बाद शुभ योग बन रहा है।



गणेश चतुर्थी के दिन ग्रह स्थिति
ज्योतिषाचार्य प्रदीप के अनुसार  गणेश चतुर्थी के दिन  चंद्रमा कन्या राशि और चित्रा नक्षत्र में रहेगा। वहीं सूर्य अपनी स्वंय की राशि सिंह में, बुध भी सूर्य के साथ उन्हीं की राशि में रहेगे, मंगल अपनी स्वंय की राशि मेष में,शुक्र मिथुन राशि में राहु के साथ,गुरु और केतु धनु राशि में और शनि अपनी स्वंय की राशि मकर में रहेंगे। इस दिन ज्यादातर ग्रह अपनी ही राशि में रहेंगे। जिसकी वजह से आपको पूजा का कई गुना लाभ मिल सकता है।

You can send your stories/happenings here:info@religionworld.in

[video_ads]
[video_ads2]

RW

Editorial Review Note

Religion World is the country's only website that provides complete information on all religions. Religion World will always present information about all religions impartially. You can send us all kinds of information, news, updates, opinions, and suggestions at religionworldin@gmail.com.You can also follow us on X (Twitter), Facebook, and YouTube.

By Shweta August 17, 2020 2 min read
Share:

Related Historical & Critical Essays