RELIGION WORLD — THE INDEPENDENT SCIENTIFIC & INTERFAITH JOURNAL
Navigation

© 2026 Religion World Foundation.

Global Faith • Scientific Heritage • Human Ethics

अहोई अष्टमी व्रत: जानिए क्या है अहोई अष्टमी व्रत के नियम

अहोई अष्टमी व्रत: जानिए क्या है अहोई अष्टमी व्रत के नियम

अहोई अष्टमी व्रत: जानिए क्या है अहोई अष्टमी व्रत के नियम
Visual Archive

अहोई अष्टमी व्रत: जानिए क्या है अहोई अष्टमी व्रत के नियम

अहोई अष्टमी व्रत: जानिए क्या है अहोई अष्टमी व्रत के नियम

किसी भी व्रत को सफल बनाने के लिए उसके नियम जानने अत्यंत आवश्यक है. अहोई अष्टमी का व्रत करने वाली साधिकाओं को भी अहोई अष्टमी व्रत के नियम अवश्य जानने चाहिए। जिससे वह इस व्रत का पूर्ण फल प्राप्त कर सके। ज्योतिषाचार्य सुन्दर पाठक से जानते हैं क्या है अहोई अष्टमी व्रत के नियम

अहोई अष्टमी व्रत करने के नियम

  • अहोई अष्टमी का व्रत निर्जल रहकर किया जाता है। जो महिला इस व्रत को निर्जल रहकर करती है। उसे इस व्रत के पूर्ण फल प्राप्त होते हैं।
  • अहोई अष्टमी के व्रत में तांबे के लोटे से अर्घ्य नहीं दिया जाता है। क्योंकि इस दिन तांबे के लोटे को अशुद्ध माना जाता है। यदि कोई महिला इस दिन तांबे के लोटे से अर्घ्य देती है तो उसके व्रत का फल नष्ट हो जाता है।
  • अहोई अष्टमी व्रत में तारों को अर्घ्य दिया जाता है। जिस प्रकार करवा चौथ के व्रत में चंद्रमा को अर्घ्य देने से यह व्रत पूर्ण होता है। उसी प्रकार अहोई अष्टमी के दिन तारों को अर्घ्य देने से यह व्रत पूर्ण होता है।
  • अहोई अष्टमी के व्रत में करवा नया नहीं लिया जाता है। क्योंकि इस व्रत के अनुसार करवा चौथ के करवे का ही प्रयोग करने का विधान है।

यह भी पढ़ें-अहोई अष्टमी व्रत: यह व्रत दिलाता है गर्भपात के महापाप से मुक्ति

  • अहोई अष्टमी का व्रत रखने वाली महिला को चाकू ,कैंची जैसी धारधार वस्तु से किसी भी चीज को नहीं काटना चाहिए और न हीं सूईं धागे का कोई काम करना चाहिए।
  • अहोई अष्टमी का व्रत बच्चों के लिए किया जाता है। इसलिए इस दिन न तो अपने बच्चों को और न हीं दूसरे के बच्चों को मारें और न हीं उन्हें अपशब्द कहें।
  • अहोई अष्टमी के व्रत में तामसिक भोजन का प्रयोग न करें और न हीं घर में किसी को करने दे।
  • अहोई अष्टमी का व्रत करने वाली महिला को दिन में सोना नहीं चाहिए। क्योंकि व्रत में पूजा पाठ करना अधिक फलदायी होता है।
  • अहोई अष्टमी का व्रत करने वाली महिला को किसी बुजुर्ग का अपमान नहीं करना चाहिए। ऐसा करने से उस महिला के व्रत का फल नष्ट हो जाता है।
  • अहोई अष्टमी व्रत के दिन अपने घर में पोंछा न लगाएं। प्राचीन कथाओं के अनुसार इस दिन पोंछा लगाना निषेध बताया गया है।
RW

Editorial Review Note

Religion World is the country's only website that provides complete information on all religions. Religion World will always present information about all religions impartially. You can send us all kinds of information, news, updates, opinions, and suggestions at religionworldin@gmail.com.You can also follow us on X (Twitter), Facebook, and YouTube.

By Shweta October 20, 2019 2 min read
Share:

Related Historical & Critical Essays

Hinduism

क्या अहोई अष्टमी केवल माताओं के लिए होती है?

क्या अहोई अष्टमी केवल माताओं के लिए होती है? अहोई अष्टमी हिंदू धर्म में मातृत्व और संतान की लंबी आयु से जुड़ा एक अत्यंत पवित्र पर्व है। आमतौर…

Read now
Hinduism

क्या आप जानते हैं, अहोई अष्टमी क्यों मनाई जाती है?

क्या आप जानते हैं, अहोई अष्टमी क्यों मनाई जाती है? हिंदू धर्म में अहोई अष्टमी का व्रत मातृत्व प्रेम और संतान की लंबी आयु से जुड़ा एक अत्यंत…

Read now
Hinduism

2025 में कब है दुर्गा अष्टमी और नवमी? जानिए सही तिथियाँ

2025 में कब है दुर्गा अष्टमी और नवमी? जानिए सही तिथियाँ हिंदू धर्म में नवरात्रि का विशेष महत्व है। साल में दो बार — चैत्र और शारदीय नवरात्रि…

Read now