स्वामी चिदानन्द सरस्वती ने दिलवाया नदियों के संरक्षण एवं पर्यावरण मित्र का संकल्प
- चिकित्सा आपूर्ति कंपनी द्वारा आयोजित समारोह में स्वामी चिदानन्द सरस्वती जी ने किया सहभाग
- योग एवं ध्यान पर दिया उद्बोधन नदियों के संरक्षण एवं पर्यावरण मित्र व्यापार का कराया संकल्प
- योग के माध्यम से एकता का सूत्रपात सम्भव-स्वामी चिदानन्द सरस्वती

ऋषिकेश, 7 नवम्बर। परमार्थ निकेतन के परमाध्यक्ष, गंगा एक्शन परिवार के प्रणेता पूज्य स्वामी चिदानन्द सरस्वती जी महाराज ने चिकित्सा आपूर्तिकर्ता चीन की कंपनी टोंग द्वारा दिल्ली में आयोजित भव्य समारोह में सहभाग किया। टोंग, के 2000 से भी अधिक अधिकारी भारत में भ्रमण हेतु आये है। पिछले दो वर्षो से टोंग, कंपनी अपने अधिकारियों को परमार्थ भ्रमण के साथ ही भारतीय योग विद्या को जानने हेतु परमार्थ निकेतन में भेज रही है। टोंग द्वारा दिल्ली में आयोजित दो दिवसीय कार्यक्रम में स्वामी चिदानन्द सरस्वती जी महाराज एवं साध्वी भगवती सरस्वती को मुख्य अतिथि एवं योग-ध्यान के प्रमुख वक्ता के रूप में आमंत्रित किया।

टोंग कंपनी की चेयरमैन ली जूँ यान और उनकी सुपुत्री चेल्सिय ली एवं वेन्डी ली को स्वामी चिदानन्द सरस्वती जी महाराज ने शिवत्व का प्रतीक रूद्राक्ष का पौधा भेंट किया और कहा कि अपने व्यापार को पर्यावरण मित्र व्यापार बनाये तथा अपने कंपनी में काम करने वालों को भी पर्यावरण मित्र के रूप में तैयार करें।

परमार्थ निकेतन के परमाध्यक्ष स्वामी चिदानन्द सरस्वती जी महाराज ने कहा कि ’योग, संयोग का नाम है और आज यहां पर भारतीय योग विद्या और चीन की योग विद्या का समन्वय होते देखा जा सकता हैै; योग के माध्यम से एकता का सूत्रपात हो रहा है। उन्होने कहा कि एकता, शान्ति के मार्ग को प्रशस्त करती है।’ स्वामी जी ने कहा कि इस तरह के अन्तर्राष्ट्रीय सम्मेलनों के आयोजन से एक-दूसरे की; दो राष्ट्रों की संस्कृतियों के आदान-प्रदान के साथ आपस में सामंजस्य, एकता और भाईचारे की भावनायें भी प्रबल होती है तथा आपसी रिश्ते भी प्रगाढ़ होते है।
साध्वी भगवती सरस्वती जी ने कहा कि भावनात्मक समस्याओं पर नियंत्रण रखने का बेहतर माध्यम है योग। आज की भाग-दौड़ भरी जिन्दगी में योग एवं ध्यान ही आत्मशान्ति का स्रोत है।
सुश्री नन्दिनी त्रिपाठी ने चीन से हजारों की संख्या में आये प्रतिभागियों को योग के विभिन्न आसनों का अभ्यास कराया यह एक अद्भुत दृश्य था।
स्वामी जी ने कहा कि भारत के ऊर्जावान प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी जी के प्रयासों द्वारा योग को यू एन ओ तक पहुुंचाना जिससे विश्व के लगभग सभी देशों में योग के प्रति आकर्षण और अधिक बढ़ा है, विश्व के लगभग सभी देश योग को अपना रहे है यह एक विलक्षण परिवर्तन है।हजारों की संख्या में उपस्थित प्रतिभागियों को स्वामी चिदानन्द सरस्वती जी महाराज ने नदियों तथा पर्यावरण संरक्षण का संकल्प कराया। इस अवसर पर बड़ी संख्या में चीन से आये प्रतिनिधि उपस्थित थे।
Editorial Review Note
Religion World is the country's only website that provides complete information on all religions. Religion World will always present information about all religions impartially. You can send us all kinds of information, news, updates, opinions, and suggestions at religionworldin@gmail.com.You can also follow us on X (Twitter), Facebook, and YouTube.
Leave a Reply